भदोही। भूख जब बर्दाश्त नहीं होती तो मानसिक 4:00 पर मानव क्या कर बैठे कुछ नहीं कहा जा सकता और आज देश में ऐसे ही कुछ हालात बन सकते हैं ।उत्तर प्रदेश के भदोही जिले में रविवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। जहांगीराबाद में एक महिला ने अपने पांच बच्चों को गंगा नदी में फेंक दिया।
घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और बच्चों को खोजने के लिए गोताखोरों को लगाया।
महिला को गिरफ्तार कर लिया गया है और पुलिस अधिकारियों ने कहा कि वह मानसिक रूप से अस्वस्थ लग रही है।
इस बीच, सूत्रों ने बताया कि महिला ने पहले कहा था कि उसे और उसके बच्चों को लॉकडाउन में खाना नहीं मिल रहा है और पैसे की आमदनी भी रुक गई थी, क्योंकि वह दिहाड़ी मजदूर थी।
बरेली में 78 वें जश्ने यौमें आजादी के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (इसवा) द्वारा अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया।
हम करेंगे समाधान के लिए बरेली से फैज़ान नियाजी की रिपोर्ट। बरेली, 15 अगस्त 2024: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (ISWA) बरेली द्वारा एक ऐतिहासिक अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह भव्य आयोजन बरेली के प्रसिद्ध फहाम लॉन में संपन्न हुआ, जिसमें देश के कोने-कोने से शायरों और कवियों ने भाग लिया और अपने कलाम से देशभक्ति की भावना को प्रकट किया। इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में श्रोताओं ने शिरकत की और कार्यक्रम की भव्यता और राष्ट्रीय एकता के संदेश की सराहना की। कार्यक्रम का शुभारंभ रात 10 बजे हुआ, जिसमें सबसे पहले ISWA के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद फ़ाज़िल और सचिव डॉ. शकील अहमद ने अतिथियों और शायरों का स्वागत किया और उन्हें सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष डॉ. अनिस बेग और निर्वाचित अध्यक्ष डॉ. अय्यूब अंसारी भी उपस्थित थे। डॉ. फ़ाज़िल ने अपने वक्तव्य में कहा, "ऐसे आयोजनों से समाज में भाईचारा और सांस्कृतिक समरसता को बढ़ावा मिलता है। हमें 15 अगस्त के इस पावन दिन को पूरे जोश और उल्लास के साथ ईद की तरह मनाना चाहिए।" कार्यक्रम की अध्यक्षत...