उत्तर प्रदेश के शामली में जिला अस्पताल में बनाए गए क्वारंटीन वार्ड में भर्ती एक 40 वर्षीय कोरोना के संदिग्ध मरीज ने फांसी से झूलकर आत्महत्या कर ली है। इसकी सूचना मिलते ही प्रशासनिक अधिकारियों में हडकंप मच गया तथा आनन-फानन में डीएम जसजीत कौर और एसपी विनीत जयसवाल जिला अस्पताल पहुंचे और मामले की पडताल की।बताया जाता है कि मृतक कर्मवीर कांधला थाना क्षैत्र के जसाला नानूपुरी गांव का रहने वाला था और वह दिल्ली में ही रहकर सब्जी का छोटा-मोटा कारोबार करता था। दिल्ली से गांव लौटने पर उसे बुखार और खांसी की परेशानी के चलते जिला अस्पताल के क्वारंटीन वार्ड में भर्ती कराया गया था। डीएम जसजीत कौर ने बताया कि 30 मार्च को उसका सेंपल लेकर जांच के लिये मेरठ भेजा गया था जिसकी रिर्पोट अभी तक प्राप्त नहीं हुई थी तथा उसके आज आने की संभावना थी जिसके चलते पक्के तौर पर यह नहीं कहा जा सकता कि मृतक कोरोना पॉजेटिव था या नहीं।उन्होनें बताया कि जिला अस्पताल के कई कमरों में क्वरंटीन को मरीज रखे गए हैं यह भी एक अलग कमरे में था और रात के किसी समय कर्मवीर ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। मृतक अविवाहित था और उसके परिजन मौके पर पहुंच गए हैं जिनके सामने शव का पंचनामा भरकर पीएम के लिये भेज दिया गया है। सूत्रों के मुताबिक मृतक की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है? ।
बरेली में 78 वें जश्ने यौमें आजादी के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (इसवा) द्वारा अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया।
हम करेंगे समाधान के लिए बरेली से फैज़ान नियाजी की रिपोर्ट। बरेली, 15 अगस्त 2024: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (ISWA) बरेली द्वारा एक ऐतिहासिक अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह भव्य आयोजन बरेली के प्रसिद्ध फहाम लॉन में संपन्न हुआ, जिसमें देश के कोने-कोने से शायरों और कवियों ने भाग लिया और अपने कलाम से देशभक्ति की भावना को प्रकट किया। इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में श्रोताओं ने शिरकत की और कार्यक्रम की भव्यता और राष्ट्रीय एकता के संदेश की सराहना की। कार्यक्रम का शुभारंभ रात 10 बजे हुआ, जिसमें सबसे पहले ISWA के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद फ़ाज़िल और सचिव डॉ. शकील अहमद ने अतिथियों और शायरों का स्वागत किया और उन्हें सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष डॉ. अनिस बेग और निर्वाचित अध्यक्ष डॉ. अय्यूब अंसारी भी उपस्थित थे। डॉ. फ़ाज़िल ने अपने वक्तव्य में कहा, "ऐसे आयोजनों से समाज में भाईचारा और सांस्कृतिक समरसता को बढ़ावा मिलता है। हमें 15 अगस्त के इस पावन दिन को पूरे जोश और उल्लास के साथ ईद की तरह मनाना चाहिए।" कार्यक्रम की अध्यक्षत...