नई दिल्ली। दिल्ली हिंसा की रिपोर्टिंग की वजह से 48 घंटों के बैन के बाद एशियानेट और मीडिया वन चैनल फिर से ऑन एयर कर दिए गए हैं। दिल्ली हिंसा में एक समुदाय विशेष का पक्ष लेने के आरोप में दिल्ली सरकार ने दो टीवी चैनलों पर 48 घंटे का प्रतिबंध लगा दिया था। उस पर आज प्रतिबंध हटा लिया गया है। सूचना प्रसारण मंत्रालय ने जिन दो टीवी चैनलों पर बैन लगाया था वो मलयालम न्यूज चैनल एशियानेट न्यूज और मीडिया वन न्यूज हैं।
सूत्रों के हवाले से बताया कि दोनों टीवी चैनलों पर यह प्रतिबंध उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुई हिंसा की कवरेज को लेकर लगाया गया था। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने शुक्रवार को 48 घंटे की रोक लगाते हुए कहा था कि इस तरह की खबर से साम्प्रदायिक झगडे को बढ़ाया गया है। चैनलों को शुरुआत में कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था और उनके जवाब दाखिल करने के बाद मंत्रालय ने पाया कि उन्होंने केबल टीवी नेटवर्क (नियमन) कानून, 1995 के तहत निर्धारित कार्यक्रम संहिता का उल्लंघन किया है।
बरेली में 78 वें जश्ने यौमें आजादी के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (इसवा) द्वारा अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया।
हम करेंगे समाधान के लिए बरेली से फैज़ान नियाजी की रिपोर्ट। बरेली, 15 अगस्त 2024: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर इंटेलेक्चुअल सोशल वेलफेयर एसोसिएशन (ISWA) बरेली द्वारा एक ऐतिहासिक अखिल भारतीय मुशायरा और कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह भव्य आयोजन बरेली के प्रसिद्ध फहाम लॉन में संपन्न हुआ, जिसमें देश के कोने-कोने से शायरों और कवियों ने भाग लिया और अपने कलाम से देशभक्ति की भावना को प्रकट किया। इस अवसर पर सैकड़ों की संख्या में श्रोताओं ने शिरकत की और कार्यक्रम की भव्यता और राष्ट्रीय एकता के संदेश की सराहना की। कार्यक्रम का शुभारंभ रात 10 बजे हुआ, जिसमें सबसे पहले ISWA के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद फ़ाज़िल और सचिव डॉ. शकील अहमद ने अतिथियों और शायरों का स्वागत किया और उन्हें सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष डॉ. अनिस बेग और निर्वाचित अध्यक्ष डॉ. अय्यूब अंसारी भी उपस्थित थे। डॉ. फ़ाज़िल ने अपने वक्तव्य में कहा, "ऐसे आयोजनों से समाज में भाईचारा और सांस्कृतिक समरसता को बढ़ावा मिलता है। हमें 15 अगस्त के इस पावन दिन को पूरे जोश और उल्लास के साथ ईद की तरह मनाना चाहिए।" कार्यक्रम की अध्यक्षत...